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ड्राइविंग लाइसेंस बनने जा रहा यूनिवर्सल स्मार्ट कार्ड

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अब बेहद जल्द ड्राइविंग लाइसेंस के फॉर्मेट ( Universal Smart Card Driving License) में बदलाव किया जाएगा। दरअसल केंद्रीय सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की तरफ से यह जानकारी दी गई है। मंत्रालय का कहना है कि अब बिना चिप वाले लेमिनेटेड लाइसेंस को स्मार्ट कार्ड ड्राइविंग लाइसेंस में तब्दील किया जाए। राज्यसभा में सोमवार को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सभी संभागीय परिवहन अधिकारियों को यह सुझाव दिया।

अधिकारियों को सुझाव देते हुए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि, ड्राइविंग लायसेंस को यूनिफॉर्म फॉर्मेट ( Universal Smart Card Driving License) में जारी किया जाना चाहिए। फिलहाल देश में सिर्फ दो राज्य महाराष्ट्र और दिल्ली ही ऐसे हैं जहां चिप वाले स्मार्ट ड्राइविंग लायसेंस जारी किए जाते हैं। जबकि दूसरे राज्यों जैसे उत्तर प्रदेश में बिना चिप वाले लेमिनेटेड ड्राइविंग लायसेंस जारी किए जाते हैं।

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अब केंद्रीय सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय सभी राज्यों के लिए कॉमन स्टैंडर्ड फॉर्मेट चाहता है। हालांकि कॉमन स्टैंडर्ड फॉर्मेट की डिजाइन पहले ही सभी राज्यों को जारी कर दी गई है। इस नए फॉर्मेट के डिजाइन में फॉन्ट की सही जगह आदि का प्रस्ताव भी दिया गया है। इससे पहले मंत्रालय द्वारा एक एप्लिकेशन सारथी डेवलप की गई थी। इस एप्लीकेशन में देश भर के लाइसेंसधारकों ( Universal Smart Card Driving License) का डाटाबेस एकत्र किया गया है। इस एप्लीकेशन में तकरीबन 15 करोड़ लाइसेंस धारकों का डाटा एकत्र किया गया है। इस एप्लीकेशन में फीचर दिया गया है जिसकी सहायता से फर्जी लायसेंस रियल टाइम ऑनलाइन बेसिस पर पर चेक किया जा सकता है। इसके अलावा चालान से संबंधित जानारियां भी इस एप्लीकेशन में उपलब्ध हैं।

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मंत्रालय द्वारा पहले ही यह जानकारी साझा की गई थी कि देश भर में करीब 30 प्रतिशत फर्जी लायसेंस ( Universal Smart Card Driving License) हैं। इसके अलावा अव्यस्कों द्वारा ड्राइविंग के मामलों में भी तेजी से वृद्धि हुई है। इन सभी पर रोकथाम लगाने के लिए मोटर व्हीकल अधिनियम में संशोधन किया गया है। अब संशोधित किए गए नए मोटर व्हीकल बिल के अन्तर्गत किसी अवयस्क को ड्राइविंग करते हुए पकड़े जाने पर उसके पैरेंट्स की गाड़ी का रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया जाएगा। सिर्फ इतना ही नहीं, दोषी पाए जाने पर 25 हजार रुपए जुर्माने के साथ ही 3 साल की सजा भी दी जाएगी।

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