Motivational Story : इनकी कीमत दो आने….

0

बहुत पुरानी बात है। एक बार एक राज-दरबार में एक साहूकार आया जो किसी भी वस्तु को देखकर उसका सही-सही दाम बता देता था। राजा ने उसकी परीक्षा लेने की सोची। उसने राजकुमार को दरबार में बुलाया और साहूकार से पूछा- क्या तुम हमारे राजकुमार का दाम बता सकते हो। इससे साहूकार सोच में पड़ गया। इससे पहले उसने किसी आदमी का दाम नहीं लगाया था। उसने राजकुमार को ध्यान से देखा और बोला- महाराज, दाम तो मैं एकदम सही बता दूंगा, लेकिन वचन दें कि आप क्रोधित नहीं होंगे। राजा बोले – आप निश्चित होकर बताएं।

साहूकार- महाराज, राजकुमार के माथे के लिखे की तो मैं कह नहीं सकता। और वैसे राजकुमार का दाम दो आना रोज से अधिक नहीं है। राजा बुद्धिमान था। वह साहूकार के कहने का आशय समझ गया कि यदि राजकुमार को वर्तमान में एक साधारण व्यक्ति की तरह काम पर या मजदूरी पर भेजा जाए तो वह दो आना रोज से ज्यादा नहीं कमा पाएगा। राजा ने साहूकार की योग्यता की खूब प्रशंसा की और उसे ढेर सारे पुरस्कार दिए।

सीख :  हमें अपनी योग्यता, क्षमता और सामर्थ्य के अनुसार निरंतर पुरुषार्थ, कर्म करते रहना चाहिए। एक दिन खुद की कीमत बढ़ ही जाएगी | खुद को कीमती बनाने के लिए तपना पड़ता है| मेहनत करना पड़ती है | तब जाकर दुनिया में आप कीमती होते है | सिर्फ राजा या राजकुमार होने से आप योग्य नहीं हो जाते | योग्यता साबित करनी होती है और मेहनत के दम पर कमियों को दूर कर खुद की कीमत बढ़ानी होती है | कहानी हमें राजा के स्वभाव से यह भी सिखाती है कि सत्य को सुन कर समझें और प्रतिक्रिया देने से पहले सत्य कड़वा होता है इसका ध्यान रखे|

अभिषेक

Motivational Story : मैं बहरा था, बहरा हूँ और बहरा रहूँगा!

Short Story : इबादत के मायने

Short Story : हजरत मूसा को गड़रिये ने पढ़ाया सच्ची इबादत का पाठ

रहें हर खबर से अपडेट, ‘टैलेंटेड इंडिया’ के साथ| आपको यहां मिलेंगी सभी विषयों की खबरें, सबसे पहले| अपने मोबाइल पर खबरें पाने के लिए आज ही डाउनलोड करें Download Hindi News App और रहें अपडेट| ‘टैलेंटेड इंडिया’ की ख़बरों को फेसबुक पर पाने के लिए पेज लाइक करें – Talented India News

Share.