Nobel Prize 2019: इस अंदाज में नोबेल लेने पहुंचे अभिजीत बनर्जी

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अर्थशास्त्री लेखक अभिजीत बनर्जी (Abhijit Banerjee ) और उनकी पत्नी एस्थर डफलो (Esther Duflo) स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम के स्टॉकहोम सिटी हॉल में नोबल पुरस्कार (Nobel Prize 2019) लेने अलग ही अंदाज में पहुंचे। वे दोनों पारंपरिक वेशभूषा में पहुचें, जिससे सभी  कि नजरें उन्हीं पर बनी रहीं। बनर्जी (Nobel Prize 2019 Abhijit Banerjee ) अमेरिका (USA) के अब नागरिक हैं और मैसेचुसेट्स में फोर्ड फाउंडेशन (Ford Foundation in Massachusetts ) में प्रोफेसर हैं। एस्थर डफलो, क्रेमर, जॉन लिस्ट और सेंथिल मुलैयानाथन के साथ मिलकर उन्होंने अर्थशास्त्र में अहम पद्धतियों पर काम किया।

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बंदगला और धोती पहन कर  अभिजीत बनर्जी  (Nobel Prize 2019, Abhijit Banerjee ) ने  नोबेल पुरस्कार ग्रहण किया। वहीं इस्टर डूफलो जिन्हे संयुक्त रूप से अभिजीत बनर्जी के साथ अर्थशास्त्र का पुरुस्कार मिला वो एक नीले रंग की साड़ी में नजर आईँ। भारतीय मूल के अभिजीत बनर्जी (Abhijeet Banerjee of Indian origin ) को वर्ष 2019 के लिए अर्थशास्त्र का नोबेल पुरस्कार (Nobel Prize for Economics ) दिया गया है। उन्हें यह पुरस्कार फ्रांस की एस्थर डुफ्लो (अभिजीत बनर्जी की पत्नी) और अमेरिका के माइकल क्रेमर के साथ संयुक्त रूप से दिया गया है (Nobel Prize 2019)। बनर्जी ने वैश्विक गरीबी को कम करने में मदद की और दुनिया भर में सबसे गरीब लोगों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए अपना पूर्ण योगदान दिया।

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अभिजीत बनर्जी (Nobel Prize 2019, Abhijit Banerjee ) की पारंपरिक वेषभूषा के बारे में बप्पा सेन ने कहा कियही बात उन्हें बिल्कुल अलग बनाती है। इतने बड़े मंच पर भी वह भारत की परम्परा के साथ ही गए। अपने बचपन के दोस्त झीमा को पुरस्कार लेता देखना एक शानदार पल था। बनर्जी के साथ मां निर्मला, बच्चे नोएमी और मिलान, भाई अनिरुद्ध और उनकी फैमिली भी इस कार्यक्रम में  शामिल थे। वहीं प्रेसिडेंसी यूनिवर्सिटी ने मुख्य भवन में साहित्य पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन (1998), अभिजीत विनायक बनर्जी (2019) की तस्वीरों के साथ एक 3डी दीवार का निर्माण करवाने का फैसला किया है।

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       – Ranjita Pathare 

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