लक्ष्य तक पहुंचने के लिए मेहनत ज़रूरी

0

“अपने लक्ष्य तक पहुंचने के लिए केंद्रित होकर निरंतरता के साथ यदि मेहनत की जाए तो कोई भी लक्ष्य बड़ा नहीं होता। इससे उलट श्रम, पुरुषार्थ और अभ्यास का साथ यदि न हो तो छोटा लक्ष्य भी हासिल नहीं किया जा सकता है।” ये बातें विश्वास एकेडमी, रतलाम के तीसरे स्थापना दिवस पर पधारे मुख्य अतिथियों ने श्रोताओं के समक्ष रखी। सैकड़ों छात्रों के साथ कई गणमान्य नागरिकों के बीच एकेडमी का तीसरा स्थापना वर्ष सफलतापूर्वक धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर एकेडमी द्वारा सिविल सेवा में चयनित छात्रों ने अपना प्रेरणादायक उद्बोधन दिया और अपने इस सफ़र में आई बाधाओं और उनसे उबरने के गुर साझा किए।

गौरतलब है कि महज तीन वर्ष पहले रतलाम में शुरू हुई इस विश्वास एकेडमी के कई छात्रों का यूपीएससी और सिविल सेवाओं में चयन हो चुका है। रतलाम में प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए माहौल बनाने का श्रेय भी इस एकेडमी को ही जाता है। प्रतिभाशाली लेकिन कमजोर तबके के विद्यार्थियों को एकेडमी द्वारा छात्रवृत्ति भी प्रदान की जाती है।

समारोह के मुख्य अतिथि आचार्य अखिलेश ने वहां बड़ी संख्या में मौजूद छात्रों को जीवन में सफलता पाने के गुर सिखाए। आचार्य ने गीता के श्लोक और रामचरितमानस की चौपाइयों से उदाहरण देते हुए छात्रों को अध्यात्म के साथ ही जीवन प्रबंधन के गुर भी सिखाए। अपने उत्साह और ओजपूर्ण उद्बोधन से आचार्यजी ने छात्रों का दिल जीत लिया।

इस अवसर पर विश्वास एकेडमी के संस्थापक विश्वास शर्मा भी विशेष रूप से मौजूद थे। रतलाम में एकेडमी के सूत्रधार कृष्णपालसिंह पवार और रवि दोहोलिया ने सभी अतिथियों का आभार माना और कार्यक्रम का संचालन किया।

इंदौर-रतलाम : ब्रिज से गिरी बस, एक की मौत, 20 घायल

Share.