अंधविश्वासी ने लालच में चढ़ाई दो साल के बच्चे की बलि

0

धन के लालच में अंधा व्यक्ति कुछ भी कर गुजरने से पीछे नहीं हटता है| इस लालच के साथ जब अंधविश्वास भी साथ आ जाए तो व्यक्ति को हर गलत काम सही लगता है| देश ने चाहे कितनी भी तरक्की कर ली हो, लेकिन अभी तक अंधविश्वास पर विजय नहीं मिल सकी| महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले के ब्रह्मपुरी तहसील के खंडाला में लालच और अंधविश्वास के कारण दो साल का मासूम बलि चढ़ गया| धन पाने की चाह में आरोपियों ने बच्चे की पूजा की और भगवान के सामने उसकी बलि चढ़ा दी|

दरअसल, खंडाला में 22 अगस्त को अशोक मेश्राम का 2 वर्षीय बेटा युग मेश्राम घर के बाहर खेल रहा था और वह अचानक गायब हो गया| जब युग का 4 वर्षीय भाई हर्षल घर वापस आ गया तो घर वालों ने युग की तलाश शुरू की| इसके बाद अशोक मेश्राम ने ब्रह्मपुरी पुलिस से शिकायत की|

आसपास के क्षेत्रों में तलाश करने पर जब युग नहीं मिला तो पुलिस ने तीन टीम बनाकर जांच शुरू कर दी| जांच में यह बात सामने आई कि पड़ोस में रहने वाले सुनील और प्रमोद बनकर नाम के दो व्यक्ति काले जादू पर विश्वास करते हैं| पुलिस ने दोनों पर नजर रखनी शुरू कर दी| जांच में बाद बुधवार देर शाम बच्चे का शव बनकर के घर के पीछे कचरे में मिला| उसके सिर पर टीका लगा हुआ था और गले को धारदार हथियार से रेत दिया था|

शव मिलने के बाद पुलिस ने दोनों पड़ोसियों से सख्ती से पूछताछ शुरू कर दी| इसके बाद दूसरे दिन दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया| आरोपियों ने बताया कि उन्होंने गुप्तधन की चाह में घटना को अंजाम दिया| इस पूरे घटनाक्रम में दो लोग और भी शामिल हैं, जिनकी तलाश की जा रही है|

Share.