महंगाई में दिल्ली मेट्रो दुनिया में दूसरे पायदान पर!

0

दिल्ली की लाइफ लाइन और हज़ारों दिल्लीवासियों का सहारा दिल्ली मेट्रो दुनिया में दूसरी सबसे महंगी मेट्रो सेवा है। राजधानी दिल्ली की मेट्रो रेल परिवहन व्यवस्था है, जो दिल्ली मेट्रो रेल निगम लिमिटेड द्वारा संचालित है। सेंटर फॉर साइंस एंड एनवॉयर्नमेंट ने 2018 में किए अपने सर्वे में लागत और कमाई पर यूबीएस रिपोर्ट के आधार पर यह जानकारी साझा की।

सीएसई ने कहा है कि दिल्ली मेट्रो एक ट्रिप के लिए आधे डॉलर से थोड़ा कम चार्ज करता है। हाल ही में की गई स्टडी में पता चलता है कि दिल्ली के रहवासी अपनी कमाई का 14 प्रतिशत हिस्सा मेट्रो में सफर के लिए खर्च करते हैं, जो हनोई के मुकाबले सिर्फ 11 प्रतिशत कम है। हनोई में यात्रियों की कमाई का औसतन 25 प्रतिशत सिर्फ मेट्रो से सफर पर खर्च हो जाता है।

यहां तक कि रिसर्च में यह भी सामने आया है कि दिल्ली में रोजाना मेट्रो से सफर करने वाले 30 प्रतिशत यात्री तो अपनी कमाई का 19.5 प्रतिशत तक सिर्फ मेट्रो किराये के तौर पर खर्च कर देते हैं। 24 दिसंबर, 2002 को शाहदरा तीस हजारी लाइन से शुरू हुई दिल्ली मेट्रो सेवा का जाल अब पूरे दिल्ली में बिछ चुका है। दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने स्टडी को सिलेक्टिव बताया है और कहा है कि इसमें मेट्रो की तुलना अपेक्षाकृत छोटे नेटवर्कों से की गई है।

वहीं सेंटर फॉर साइंस एंड एनवॉयर्नमेंट ने बताया कि  किराये में बढ़ोतरी की वजह से राइडरशिप में 46 प्रतिशत की कमी आई है। सीएसई की अनुमिता रॉय चौधरी ने कहा, ” 2017 में 2 चरणों में मेट्रो किराये बढ़ाए गए, जिससे एक व्यापक पॉलिसी को लेकर बहस छिड़ गई। मेट्रो को किराये के अलावा अन्य स्रोतों से राजस्व जुटाने पर जोर देना चाहिए।” स्टडी में यह भी सामने आया है कि दिल्ली की 34 प्रतिशत आबादी बेसिक नॉन-एसी बस सर्विस को भी अफोर्ड नहीं कर सकती।

दिल्ली में इस दिन दौड़ेगी ड्राइवर-लेस मेट्रो

मेट्रो के उद्घाटन में नहीं बुलाया केजरीवाल को

Share.