Delhi Violence : IB अफसर अंकित शर्मा के हत्यारे ताहिर हुसैन ने किया सरेंडर

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दिल्ली में हुए दंगों (Delhi Riots 2020) में पुलिस कांस्टेबल रतनलाल (Constable Ratan Lal) और आईबी अफसर अंकित शर्मा (Ankit Sharma Murder)  की जान चली गई थी। इसके बाद (Tahir Hussain Surrenders) मामले का खुलासा हुआ तो पता चला कि आईबी अफसर अंकित शर्मा (IB Officer Ankit Sharma)  की हत्या की गई थी और उनका शव नाले से बरामद किया गया था। अंकित शर्मा हत्या (Ankit Sharma Death) मामले में आम आदमी पार्टी के पार्षद ताहिर हुसैन को आरोपी बनाया गया था। आप पार्षद ताहिर हुसैन के घर की छत से दंगों के सामान भी बरामद हुए थे जिसके बाद आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) ने उन्हें प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया और इस बात की जानकारी ‘आप’ ने ट्वीट (AAP tweet) के माध्यम से दी थी। आम आदमी पार्टी की तरफ से ट्वीट किया गया था कि, “ताहिर हुसैन (Tahir Hussain Surrenders) पर लगे आरोपों की जब तक जांच नहीं हो जाती और वह पाक साफ निकलकर नहीं आते तब तक वह प्राथमिक सदस्यता से निलंबित रहेंगे।

हालांकि इस मामले में ताहिर हुसैन (Tahir Hussain) खुद को निर्दोष बता रहे थे और इन आरोपों को भारतीय जनता पार्टी (BJP) की साजिश करार दे रहे थे। इसके बाद से ताहिर (Ankit Sharma murder accused Tahir Hussain) फरार चल रहे थे लेकिन अब उन्होंने सरेंडर कर दिया है। ताहिर ने राउज एवेन्यू कोर्ट में खुद को कानून के हवाले कर दिया।

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मीडिया से बातचीत करते हुए ताहिर (Tahir Hussain Surrenders) ने कहा कि वह निर्दोष हैं और वह नार्को टेस्ट के लिए भी तैयार हैं। ताहिर हुसैन ने कहा कि वे पूरी तरह से निर्दोष हैं और उन पर लगाए गए सभी आरोप गलत हैं जिसकी जांच के लिए वे पूरी तरह से तैयार हैं। उन्होंने कहा कि उनके वकील ने उन्हें कोर्ट में सरेंडर की सलाह दी है इसके बाद ही उन्होंने यह फैसला किया है। ताहिर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि उन्होंने आईबी अफसर अंकित शर्मा की हत्या नहीं की और वे बेगुनाह है। अंकित की हत्या का मामले में ताहिर ने कहा, “जांच के बाद ही उनकी मौत का कारण पता चलेगा। मैं खुद उसकी मौत से बहुत दुखी हूं। मैं उस वक्त वहां पर नहीं था। मेरे परिवार का भी कोई वहां नहीं था। मैं 24 तारीख को ही पुलिस को घर सौंपकर चला गया था। यह पूरी वारदात 25 तारीख को हुई।”

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ताहिर हुसैन (Tahir Hussain Surrenders) ने बताया कि अभी तक वे अपने परिवार के संपर्क में भी नहीं थे न ही उन्हें उनके परिवार के बारे में कोई जानकारी है। ताहिर का कहना है कि, “मुझे देश के कानून पर भरोसा है। मैं निर्दोष साबित होऊंगा, यह मुझे पूरा यकीन है।” ताहिर ने कहा कि वे पुलिस का जांच में पूरा साथ देंगे और सहयोग करेंगे। इतना ही नहीं ताहिर ने इस मामले में नार्कों टेस्ट के लिए तैयार होने की बात कही। जब उनसे यह सवाल किया गया कि इतने दिनों से वे कहां फरार थे और अभी तक कोर्ट में सरेंडर क्यों नहीं किया तो उन्होंने जवाब में कहा कि वे दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों में ही छिपे थे। ताहिर ने बताया कि उनके वकील ने जब उन्हें सरेंडर करने की सलाह दी तब उन्होंने कोर्ट में जाकर सरेंडर किया। ताहिर ने दंगों के मामले में कहा कि उनके घर की छत से जो भी सामान जैसे पेट्रोल बम, पत्थर आदि बरामद हुए थे उसके बारे में उन्हें कोई भी जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि उनके घर का दुरूपयोग किया गया। उनका कहना कि दंगों (Delhi Riots) के समय कुछ उपद्रवी जबरन उनके घर में घुस आए थे और उन्ही को भगाने के लिए ताहिर ने डंडा उठाया था। गौरतलब है कि दिल्ली हिंसा मामले में दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने ताबड़तोड़ गिरफ्तारियां की हैं। बुधवार तक 1647 लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है। वहीं अलग-अलग थानों में इस हिंसा (Delhi Burns)  को लेकर 531 एफआईआर अभी तक दर्ज की जा चुकी हैं। इनमें से 47 मामले सिर्फ शस्त्र अधिनियम के हैं।

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Prabhat Jain

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