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साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने फिर दिया विवादित बयान

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मप्र की राजधानी भोपाल लोकसभा सीट से बीजेपी की प्रत्याशी साध्वी प्रज्ञा ठाकुर (sadhvi pragya thakur) ने लगातार विवादित बयान देकर मानो चर्चाओं में रहने की ठान ली है| पहले उन्होंने पूर्व एटीएस चीफ हेमंत करकरे को लेकर विवादित बयान दिया था| इससे राजनीतिक जगत में हड़कंप मच गया था और विपक्ष भी हमलावर हो गया था| उसके बाद  उन्होंने अपने प्रतिद्वंदी कांग्रेस प्रत्याशी दिग्विजयसिंह को महिषासुर कहा था| इसी कड़ी में अब उनका इक और विवादित बयान ( Sadhvi Pragya Told Digvijaya Kalemani) जुड़ गया है| यह बयान भी उन्होंने दिग्विजयसिंह को निशाना बनाकर ही दिया है|

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दरअसल, भोपाल से भाजपा प्रत्याशी साध्वी प्रज्ञा ने अपने प्रतिद्वंदी कांग्रेस प्रत्याशी दिग्विजयसिंह को पहले ‘महिषासुर’ कहा था और अब उन्हें ‘कालनेमि’ बताया है। लगता है वे दिग्विजयसिंह को सभी राक्षस साबित कर के ही दम लेंगी |साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने कहा, “दिग्विजयसिंह कालनेमि हैं, जो वक्त के हिसाब से अलग-अलग रूप धारण करते हैं, लेकिन उनका असली चेहरा और चरित्र सबके सामने है। बता दें कि लोकसभा चुनाव लड़ने से पहले प्रज्ञा सिंह ठाकुर अपना अखाड़ा स्थापित कर चुकीं हैं और वो महामंडलेश्वर हैं।

उल्लेखनीय है कि कालनेमि शब्द का उपयोग केवल प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने भोपाल चुनाव में ही नहीं किया ​बल्कि यह भारतीय जनता पार्टी द्वारा इसी लोकसभा चुनाव 2019 में कांग्रेस के लिए उपयोग किया गया था। भाजपा ने इसके लिए हैशटेग चलाया था। कांग्रेस ने भी उसी के अंदाज में इसका जवाब दिया था।

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कालनेमि कौन था ( Sadhvi Pragya Told Digvijaya Kalemani)

क्या आप जानते है कि कालनेमि कौन था| जब साध्वी प्रज्ञा ने तुलना कर ही दी है तो आइये हम आपको बताते है कि उन्होंने दिग्विजयसिंह को कालनेमि क्यों कहा ?

‘रामायण’  में बताया गया है कि रावण के मामा का नाम कालनेमि था, जो एक मायावी राक्षस था। वह कोई भी रूप धर सकता था| जब लंका युद्ध के समय रावण के पुत्र मेघनाद द्वारा छोड़े गए शक्तिबाण से लक्ष्मण मूर्छित हो गए तो सुषेण वैद्य ने इसका उपचार संजीवनी बूटी बताया, जो कि द्रोणागिरि पर्वत पर उपलब्ध था। हनुमान ने तुरंत हिमालय के लिए प्रस्थान किया। रावण ने हनुमानजी को रोकने के लिए मायावी कालनेमि राक्षस को आज्ञा दी। कालनेमि ने माया की रचना की तथा हनुमानजी को मार्ग में रोक लिया। हनुमानजी को मायावी कालनेमि का कुटिल उद्देश्य ज्ञात हुआ तो उन्होंने उसका वध कर दिया।

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विधानसभा चुनाव 2018
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