पीएम की तस्वीर इस्तेमाल करने पर देना होगा जुर्माना

0

अब निजी कंपनियों के विज्ञापन पर केंद्र की नज़र पैनी हो चुकी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर को निजी कंपनियों के विज्ञापन में इस्तेमाल करने पर 400 गुना जुर्माना देना पड़ सकता है। जल्द ही केंद्र सरकार प्रतीक व नाम (अनुचित प्रयोग रोकधाम) कानून 1950 में बदलाव करने जा रही है। फिलहाल, इस कानून के अंतर्गत यदि निजी कंपनी प्रधानमन्त्री की तस्वीर अपने विज्ञापन में इस्तेमाल करती है तो उसे महज 500 रुपए जुर्माना देना होता है, जो अब अनुचित प्रयोग रोकधाम कानून में बदलाव के बाद 2 लाख रुपए हो सकता है। इसके लिए उपभोक्ता मंत्रालय इस कानून में बदलाव की रूपरेखा तैयार कर चुका है।

इस रूपरेखा पर आम राय लेने के साथ ही कानून मंत्रालय से विचार-विमर्श किया जाएगा| इसके बाद इसे कैबिनेट के पास भेजा जाएगा।

गौरतलब है कि जियो इन्फोकॉम और पेटीएम ने पीएम की तस्वीर को अपने विज्ञापन में इस्तेमाल किया था| इसके बाद उन्हें सरकार की ओर से नोटिस जारी किया गया था।

आप सचेत रहें क्योंकि संशोधन के बाद एक बार से अधिक नियम का उल्लंघन करने पर 2 लाख रुपए के बजाय 5 लाख रुपए जुर्माना वसूला जाएगा, जबकि बार-बार कानून तोड़ने पर छह माह की सज़ा भी हो सकती है।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, “अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर बने इस कानून को देखने के बाद इसमें संशोधन का फैसला लिया गया है।”

वर्ष 2016 से जियो ने अपने 4जी सेवा के लिए पीएम की तस्वीर को देशभर के लगभग तमाम अखबारों के विज्ञापन में छापा था।  इसके बाद सरकार निशाने पर आ गई थी, जिसके बाद सरकार ने इस नियम में संशोधन का फैसला लिया है।

मई 2018 में हिंदूवादी संगठन अभिनव भारत से जुड़े एक व्यक्ति ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर मांग की है कि सावरकर का नाम प्रतीक और नाम (अनुचित प्रयोग रोकथाम) क़ानून में शामिल हो ताकि उन पर भी किसी तरह का आक्षेप न लगाया जा सके।

Share.