धार के सहायक आबकारी आयुक्त पर गाज

0

आय से अधिक संपत्ति रखने के मामले में धार के सहायक आबकारी आयुक्त पराक्रमसिंह चंद्रावत के यहां शुक्रवार को लोकायुक्त की टीम ने छापा मारा| टीम को अधिकारी के खिलाफ विगत कई माह से शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई| सुबह सिंह के ठिकानों पर पहुंची लोकायुक्त की टीम ने उनसे जुड़े कई लोगों से पूछताछ भी की|

यह कार्रवाई अधिकारी के उज्जैन और इंदौर स्थित ठिकानों पर चल रही है| अधिकारी के खिलाफ मिली शिकायत में उसके ठिकानों पर से 500 करोड़ से अधिक का काला धन मिलने की आशंका है| अधिकारी ने 25 मई से 16 जून 2017 तक फ़्रांस और स्विट्ज़रलैंड की यात्रा भी की थी| इसके लिए चंद्रावत ने राज्य सरकार से अनुमति भी नहीं ली थी|

पराक्रमसिंह चंद्रावत पूर्व विधायक स्वर्गीय महेंद्रसिंह कालूखेड़ा के भतीजे हैं| पिछले वर्ष आबकारी विभाग के प्रमुख सचिव मनोज श्रीवास्तव ने ठेके न हो पाने के कारण पराक्रमसिंह को तत्काल धार से हटा दिया था, जिसके बाद आबकारी मंत्री के दबाव में उन्हें पुनः धार पदस्थ करना पड़ा था|

इंदौर, उज्जैन और रतलाम में अकूत संपत्ति

लोकायुक्त द्वारा की गई कार्रवाई में अधिकारी के 34 बीजी-स्कीम नंबर 74 स्थित घर पर एक मर्सिडीज कार के अलावा 4 फोर व्हीलर, सोने-चांदी के जेवरात, नकदी, बीमा पॉलिसी और कई खातों का पता चला है| इसके अलावा अधिकारी चंद्रावत के इंदौर में दो पेट्रोल पम्प भी हैं, जिनमें से एक सयाजी होटल के सामने और दूसरा स्टार चौराहे पर है| इनमें से एक मां के नाम पर और दूसरा पत्नी के नाम पर है| इसके अलावा इंदौर में बीसीएम हाईट्स में दुकानें और जावरा में वेयर हाउस है| अधिकारी की काली कमाई का कारोबार धार और रतलाम तक फैला हुआ है, जिसकी पड़ताल की जा रही है| आकलन के अनुसार, उसकी काली कमाई 500 करोड़ से ज्यादा हो सकती है| अधिकारी के स्कीम नंबर 74 स्थित घर से करीब एक गाड़ी भरकर सामान लोकायुक्त की टीम ने जब्त किया है|

Share.