इस परंपरा में हर महिला को बनना पड़ता है सेक्स वर्कर

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हमारे देश में कई तरह की परम्पराएं प्रचलित हैं। कई परम्पराएं तो ऐसी हैं जिन पर यक़ीन करना भी मुश्किल होता है। लेकिन ये परम्पराएं कई वर्षों से अनवरत चली आ रही हैं और कोई इनका विरोध भी नहीं करता। कई बार तो लोग अपना जीवन यापन करने के लिए कई तरह के विचित्र कार्य करते हैं और उसे ही अपनी परम्परा बना लेते हैं। इसका एक उदाहरण देश की राजधानी दिल्ली से सटे कुछ इलाकों में देखने को मिलता है। दरअसल यहां एक ऐसी कम्युनिटी रहती है जिसमें महिलाओं को उनके घरवाले ही सेक्स वर्कर बनने पर मजबूर कर देते हैं। जी हां आपने बिलकुल ठीक पढ़ा, कि घर की महिलाओं को उनके घरवाले ही सेक्स वर्कर बना देते हैं।

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इस कम्युनिटी में यह परम्परा बेहद लंबे समय से चली आ रही है और कोई इसका विरोध भी नहीं करता। मिली जानकारी के अनुसार धरमपुरा सहित और भी कई इलाके हैं जहां पर इस तरह की परम्परा का निर्वाहन किया जाता है। इस परम्परा को इसलिए भी बढ़ावा दिया जाता है कि जब घर की महिलाओं को कोई और कार्य नहीं मिलता तो वे स्वयं को इस धंधे में शामिल कर लेती हैं। जब इस बारे में इस कम्युनिटी की महिलाओं से बातचीत की गई तो एक महिला ने बताया कि, जीवन यापन करने के लिए पैसों की जरूरत होती है। जब उन्हें कोई भी कार्य नहीं मिलता तो मजबूरन उन्हें यह करने पर मजबूर होना पड़ता है। कई महिलाओं ने कहा कि जब से उन्होंने यह धंधा करना शुरू किया है तब से उनकी लाइफ बदल गई है। अब वे अपनों बच्चों को पढ़ा सकती हैं और साथ ही अपने घर को भी आसानी से चला सकती हैं।

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हालांकि महिलाओं को इस स्थिति से उबारने के लिए कुछ समाजसेवी संस्थाएं आगे आईं हैं। ये सभी संस्थाएं इन महिलाओं के हक़ के लिए अपनी आवाज बुलंद कर रही हैं। इतना ही नहीं ये संस्थाएं कुछ महिलाओं की हर संभव मदद भी कर रही हैं। एक महिला की बातचीत को मीडिया की रिपोर्ट में शामिल किया गया है। उस महिला का कहना है कि वह प्रॉस्टिट्यूशन के लिए अपने घर से 2 बजे निकल जाती है। इसके बाद वह रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर ग्राहकों को तलाशती है और सुबह 7 बजे अपने घर वापस लौटती है। उसका कहना है कि घर का सारा कार्य भी उसे ही करना पड़ता है लेकिन अब वह अपने बच्चों को पढ़ा सकती है। उस महिला ने बताया कि उसकी शादी इस कम्युनिटी के एक पुरुष से 17 वर्ष की आयु में ही हो गई थी। वह उस व्यक्ति की दूसरी पत्नी थी। उस महिला ने कहा कि वह पहले से यह जानती थी कि उसे प्रॉस्टिट्यूशन के कार्य को करना पड़ेगा। उसने कहा कि इस कम्युनिटी में यह बेहद सामान्य बात है और फैमिली को चलने के लिए सभी को यह करना पड़ता है।

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